Shashi Goyal
Saturday, 22 October 2022
मैं माती का नन्हा दीपक
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मैं माटी का नन्हा दीपक मैं माटी का नन्हा दीपक चैराहे पर जला रात भर चंदा तारे उडगन चमके मैं ठंडी में गला रात भर, तेज हवाऐं घूम घूमतीं मेरा...
Thursday, 20 October 2022
पतंग
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उड़ती पतंग की डोर टूट जाती है है से थी में बदल जाती है आसमान में उड़ती है पतंग अनेकों पर छत पर चरखी पड़ी रह जती है चलते चलते चित्र बनाते बनात...
Tuesday, 18 October 2022
deepavali shubh ho
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दीपावली ‘असतो मा सद्गमय,तमसो मा ज्योतिर्गमय्,मृत्योर्माऽमृतगमय।। ष्षुभ कर्म ष्षुभ लाभ ष्षुभ कामनायें ष्षुभदीपावली दीपावली-पर्व नये धान के ...
Saturday, 15 October 2022
astha
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ऽ कई व्यक्ति अपने धर्म की अवमानना करने वालों की हत्या कर देते हैं लेकिन हिन्दू अपने देवी देवताओं का स्वयं अपमान करता है अपने विष्वास की ह...
Friday, 14 October 2022
muktak
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छोटी सी खता से भी हो जाये पानी हाथ न छोड़ो उसका पूरी जिंदगानी छोटी सी पतवार भी काट देती है विषाल उफनते समंदर का पानी
Wednesday, 12 October 2022
kavita astitva
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तू है तेरे आस्तित्व के लिये दुनिया से लड़ा था मैं दुःख आया तो तू कहाॅं है तू कहीं नहीं है अड़ा था मैं ’ जर्रे जर्रे में तू है तो मुझे बता ए...
Tuesday, 11 October 2022
rishte
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ऽ आज की तेज रफ्तार जिंदगी में यदि किसी चीज से पीछा छुड़ाया जाता है तो वह है रिष्ते। सबसे नजदीक रिष्ते, सब फालतू रिष्ते हैं ,बोझ बन गये हैं...
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